पेंशनर दिवस बना सम्मान, संवाद और संवेदनशील प्रशासन का प्रतीक
पेंशनर्स की समस्याओं को प्राथमिकता पर निस्तारित किया जाए : डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल
पेंशनर्स समाज के पथ प्रदर्शक, उनके अनुभव से समाज को मिलती है नई दिशा : डीएम
हर समस्या का 30 दिन में होगा समाधान, नहीं होगी कोई लापरवाही : डीएम
लखीमपुर खीरी, 17 दिसंबर।
सेवा, समर्पण और अनुभव को सम्मान देने का सजीव उदाहरण बना पेंशनर दिवस। कलेक्ट्रेट स्थित अटल सभागार में आयोजित इस गरिमामय कार्यक्रम में प्रशासन और पेंशनर्स के बीच विश्वास, संवाद और संवेदनशीलता की मजबूत झलक देखने को मिली। आत्मीय वातावरण, सम्मान और भरोसे से भरे इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि सेवानिवृत्ति के बाद भी पेंशनर्स प्रशासनिक परिवार का अभिन्न हिस्सा हैं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल ने की, जबकि आयोजन का संयोजन वरिष्ठ कोषाधिकारी अमित कुमार राय द्वारा किया गया। इस अवसर पर डीएम ने डीएफओ संजय विश्वाल, एडीएम नरेंद्र बहादुर सिंह, वरिष्ठ कोषाधिकारी अमित कुमार राय, एओ (बेसिक) हरिकेश बहादुर सहित वरिष्ठ एवं बुजुर्ग पेंशनर्स को सम्मानित कर उनके दीर्घ सेवाकाल को नमन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पेंशनर्स की सभी समस्याओं का निस्तारण वरीयता के आधार पर किया जाएगा। उन्होंने जनपद के सभी विभागों को निर्देशित किया कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन प्रक्रिया समय से पूर्ण की जाए, ताकि उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
डीएम ने पेंशनर्स से प्राप्त प्रार्थना पत्रों पर त्वरित संज्ञान लेते हुए कहा कि जनपद स्तर की सभी समस्याओं का समाधान अधिकतम 30 दिवस के भीतर किया जाएगा। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि पेंशनर्स समाज के पथ प्रदर्शक हैं, जिनके अनुभव समाज और प्रशासन को नई दिशा देने का कार्य करते हैं। बुजुर्गों का सम्मान और उनका आशीर्वाद हमारी संस्कृति और परंपरा का अभिन्न हिस्सा है। प्रशासनिक तंत्र को उनके दीर्घ अनुभव का निरंतर लाभ मिलता है।
उन्होंने पेंशनर्स को आश्वस्त करते हुए कहा कि कभी भी किसी प्रकार की समस्या या असुविधा हो तो वे उसी अधिकार और विश्वास के साथ प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं, जैसे सेवा काल में करते थे। प्रशासन उन्हें निराश नहीं करेगा। डीएम ने सभी पेंशनर्स के उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना भी की।
डीएफओ संजय विश्वाल ने अपने संबोधन में कहा कि इस जिले के पेंशनर्स की सक्रियता, जागरूकता और सहभागिता सराहनीय है। उन्होंने पेंशनर्स से अपने परिवार के साथ-साथ स्वयं के स्वास्थ्य का भी ध्यान रखने का आग्रह किया, ताकि उनका अनुभव समाज और प्रशासन को लंबे समय तक मार्गदर्शन देता रहे।
वरिष्ठ कोषाधिकारी अमित कुमार राय ने कहा कि जिला प्रशासन पेंशनर्स की समस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रशासनिक स्तर पर आने वाली किसी भी समस्या का त्वरित और संवेदनशील निस्तारण किया जाएगा।
कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में पेंशनर्स उपस्थित रहे। साथ ही प्रभारी सहायक कोषाधिकारी राजेश मिश्रा, सहायक लेखाकार महेश वर्मा, सुभाष वर्मा, सौरभ सिंह सहित कोषागार के समस्त कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि पेंशनर्स केवल भूतपूर्व कर्मचारी नहीं, बल्कि समाज और प्रशासन की अमूल्य धरोहर हैं, जिनका सम्मान और सहयोग सदैव प्राथमिकता में रहेगा।
More Stories
युवराज अंबेडकर एजुकेशनल ट्रस्ट द्वारा भव्य ओपन माइक शो का आयोजन, युवा प्रतिभाओं ने बिखेरा हुनर का जलवा
होली पर्व को लेकर प्रशासन सतर्क अतर्रा कोतवाली में हुई पीस कमेटी की बैठक, जाम–सफाई–बिजली व्यवस्था पर हुई विस्तार से चर्चा
नेशनल हाईवे-35 पर भीषण हादसा: कार-बाइक की आमने-सामने टक्कर, तीन गंभीर